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दो लोग है, एक राज कर रहा है और दूसरा उसका एजेंट हैं- नीतीश कुमार।

दो लोग है, एक राज कर रहा है और दूसरा उसका एजेंट हैं- नीतीश कुमार।

बिहार में हुए दंगा पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपने आलोचकों का जवाब देते हुए कहा कि दो लोग है, एक राज कर रहा है और दूसरा उसका एजेंट है।

मुख्यमंत्री नीतिश कुमार ने कहा कि इसपर काम किया गया है, अच्छी ढंग से मामला को नियंत्रण कर लिया गया है और इसमें आम लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। सब लोग लगे हुए हैं, एक-एक घर में जाकर जाँच की जा रही है। आप सभी को कुछ दिनों के बाद सब पता चलेगा।


उन्होंने कहा कि ये सब कुछ जानबूझकर किया गया है और कराया गया है। एक जगह जिनको जाना था, रैलियाँ करनी थी, भाषण देना था और राजनीतिक माहौल बनाना था, वहाँ जानबूझकर दंगा कराया गया ताकि राजनीतिक माहौल पैदा किया जा सके।


मुख्यमंत्री ने कहा, “और दूसरा जगह बिहार शरीफ है। बिहार शरीफ का नामकरण किसने किया है? आपको मालूम होगा, पहले यह बिहार था। पूरे राज्य का नाम बिहार था और उस जगह का नाम भी बिहार था। और हमने हीं इस जगह ‘बिहार’ का नाम बदलकर ‘बिहार शरीफ’ किए हैं।


और इस बिहार शरीफ में जो धंधा करने का काम किया है, वो कुछ दिनों में सब पता चल जाएगा। एक-एक आदमी को लगा दिया गया है और एक-एक लोग, एक-एक घर में जाकर पता करने का काम कर रहे हैं। कहीं कुछ नहीं है और घबराने की बात नहीं है।


नीतिश कुमार ने कहा, “दो लोग है, समझ लीजिए। एक राज कर रहा है और दूसरा उसका एजेंट का काम कर रहा है। ये सब लोग मिलकर राज्य में ऐसा माहौल बनाने का काम कर रहा है।


कुमार ने कहा कि जबकि, बिहार में ऐसा माहैल नहीं था, ऐसा माहौल बनाया गया है। बिहार के आम लोगों और किसी को इस मुद्दा पर घबराने की जरूरत नहीं है, मामला पूर्णरूप से नियंत्रण में कर लिया गया है।


आपको मालुम हो बिहार के नालंदा, सासाराम अदि जगहों पर रामनवमी के दिन दंगे हुए हैं। राज्य सरकार ने दंगा पर पूर्णरूप से नियंत्रण करने में सफल रही।


रामनवमी के दिन सिर्फ बिहार में हीं नहीं, बल्कि भारत के दूसरे राज्यों जैसे-पश्चिम बंगाल, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, गुजरात, मध्य प्रदेश आदि राज्यों में भी दंगा का माहौल बनाने का प्रयास किया गया।


जानकर हैरानी होगी कि उत्तर प्रदेश के आगरा में हिंदू महासभा के लोगों ने क्षेत्र में रामनवमी के दिन दंगा फैलाने के लिए ‘गौ हत्या’ करा दी है। हिंदू महासभा के लोग हीं प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप में भारत के सभी राज्यों में रामनवमी के दिन जुलूस निकालने का काम करती है।


हिंदू महासभा, आरएसएस, बीजेपी राजनीतिक पार्टी आदि जैसे हिंदू संगठनों के लोगों के कंधों पर हीं रामनवमी के दिन जुलूस निकालने और इसका संचालन करने का भार होता है। इन्हीं लोगों का हीं भारत के सभी राज्यों में रामनवमी के जुलूसों का आयोजन कराने को श्रेय की चर्चा होती है।

 

 

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