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नरेन्द्र मोदी का कांग्रेस पर प्रहार, कांग्रेस का पलटवार।

नरेन्द्र मोदी का कांग्रेस पर प्रहार, कांग्रेस का पलटवार।

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीजी सतू बाँधकर कांग्रेस के पीछे पड़े हैं, इनके भाषणों को सुनने से यहीं लगता है। देश इतना भयावह समस्या से गुजर रहा है, उसकी चिन्ता इन्हे नहीं है, लेकिन कांग्रेस में क्या हो रहा है, इसपर लट्टू है, जनाब! भारत में बेरोजगारी, भूखमरी, महंगाई लोगों के सहन शक्ति को लांघ कर तांडव कर रहा है, जिसकी चर्चा मात्र से मोदी बेचैन हो जाते है और इसपर लोगों के द्वारा सवाल पूछे जाने पर मौन हो जाते हैं। यदि इस मुद्दा पर विपक्ष का कोई नेता सदन में सवाल करता है, तो उनका माइक को बन्द या फिर इनपर कानूनी कार्रवाई करवा देते हैं।

देश चलाने का नयाब तरिका मोदीजी के द्वारा निकाला गया है। मगर, देश की जनता को इससे क्या मिलेगा- भूखमरी, बेरोजगारी, महंगाई, आर्थिक असमानता और समाजिक वैमनस्यता और क्या! लोगों को नीचा दिखाने और फिर उसपर शासन करने का संस्कार मिलेगा, जो भारत के राजवाड़ा लोग किया करते थे। बीजेपी नेता और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कांग्रेस के सम्मान पर प्रहार करते हैं, देश की जनता के सामने इसे नीचा दिखाने का काम करते है, कांग्रेस के बड़े और सम्मानित नेताओं के बारे में ऐसे पठकथा गढ़ते और फिर जनता को सुनाते है जैसे, ये नेता कांग्रेस के साथ रहकर पाप कर दिया हो या कांग्रेसी लोग देश को बरबाद कर दिया हो।

कांग्रेस रायपुर में 85वां महाधिवेशन का शुभारंभ किया, उस समय कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगेजी झण्डा की सलामी दिये और इनके साथ कांग्रेस के मौजूद वरिष्ठ नेताओं ने भी झण्डा का सलामी दिए। इस समय पूर्व अध्यक्षा सोनिया गांधी भी मौजूद थी और इन्होंने भी झण्डा का सलामी दीं। इस दम्यान सोनिया गांधीजी के सर पर एक छाता लगा हुआ था। इनके अलावा कांग्रेस के सभी नेता बगैर छाता के ही खड़े थे और झंडोतोलन का हस्सा थे। अब, नरेंद्र मोदी को इस घटना से समस्या हो गया है। इनके अनुसार छाता सोनिया गांधी के सर पर ही क्यों था, अध्यक्ष खरगे के सर पर क्यों नहीं था! इसी का मुद्दा बनाकर नरेंद्र मोदी अपने जनता को समझा दिये कांग्रेस में खरगेजी का वो सम्मान नहीं मिल रहा है, जिसके वो हकदार हैं।

नरेंद्र मोदी के इस हरकत के बाद कांग्रेस पार्टी के द्वारा एक वीडियो जारी किया गया है, जिसमें मोदी जी के असभ्य, भयानक और दूसरों व अपने से बड़ो का इज्जत न करने को तथा दूसरों के सम्मान का धज्जियाँ उड़ाने को बयां करता है। इस वीडियो में नरेंद्र मोदी मंच पर आते है और मंच पर बीजेपी के सभी नेता मौजूद होते है, यहाँ पर बुजुर्ग व मोदी से सीनियर नेता एल के अडवानी भी खड़े होते हैं। नरेंद्र मोदी मंच पर खड़े सभी नेताओं से हाथ मिलाते है, लेकिन अडवानी जी से हाथ नहीं मिलाते। मोदी यहाँ अडवानीजी को घूरते दिखाई दे रहे है, जो एक सभ्य अदमी नहीं कर सकता। इतना ही नहीं, जिस समय मोदी मंच पर अते है, उस समय सभी लोग हाथ जोड़े खड़े होते है, लेकिन मोदी किसी के सामने हाथ जोड़कर खड़ा नहीं होते।   

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