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इनके बात का अब कोई महत्व नहीं रहता। ये लोग बिहार में महत्वहिन हो गये हैं। नीतिश कुमार। मुख्यमंत्री।

                            

इनके बात का अब कोई महत्व नहीं रहता। ये लोग बिहार में महत्वहिन हो गये हैं। नीतिश कुमार। मुख्यमंत्री।

बिहार के मुख्यमंत्री नीतिश कुमार बीजेपी नेतृत्व बिहार के विपक्षियों को गजब तरीके से घेरने का काम किये हैं। इन विरोधियों को राजनीतिक और बिहार में बेहत्तर काम जैसे वाशिंग पॉउडर से धो दिये हैं। इनके विरोधी बीजेपी समूह के लोग चारों-खाने चीत हो चुके हैं। इन लोगों के बात की वैल्यू नहीं है कह दिये हैं।


दरअसल, बीजेपी समर्थित बिहार के विपक्षी बिहार सरकार द्वारा बीपीएससी के माध्यम से बहाल किये गये बेहत्तर गुणवतावाले शिक्षकों को लेकर राज्य में विरोध प्रकट कर रहें हैं। इन विपक्षियों का कहना है कि नीतिश और तेजस्वी की सरकार बिहार के लोगों को ठग रहें हैं, ये सरकार बिहार के युवा को ठगने का काम की है।


वहीं नीतिश कुमार और तेजस्वी की सरकार को इसपर कहना है कि ये शिक्षकों की बहाली पारदर्शी रूप में हुई है। रोजगार देने में बिहार के युवाओं के साथ किसी प्रकार की धोखा-धङी जैसे काम नहीं किया गया है।


वहीं बिहार के लोगों का कहना है कि बिहार के शैक्षणिक व्यवस्था को बेहत्तर और मजबूत बनाने के लिए बीपीएससी द्वारा शिक्षकों कि बहाली बिहार सरकार द्वारा बहुत हीं बढ़िया काम किया गया है।


आज के दिन नीतिश कुमार और तेजस्वी की सरकार बीपीएससी द्वारा बहाल किये गये शिक्षकों को राजधानी पटना के गाँधी मैदान में नौकरी का प्रमाण पत्र वितरण करनेवाली है। इसमें करीब एक लाख बीस हजार शिक्षकों की नियुक्ती पत्र बाँटे जाएंगे।


आज ही के दिन बीजेपी समर्थित पार्टी ‘हम’ के मुखिया इसके विरोध में  राजधानी पटना में आंदोलन करने की घोषणा किये हैं।


इसी को लेकर मीडिया ने मुख्यमंत्री नीतिश कुमार से सवाल किया, जिसके जवाब में मुख्यमंत्री बोले कि बिहार में अच्छा काम हो रहा है और ऊपर से आदेश आया होगा कि बिहार में अच्छा काम हो रहा है उसका विरोध करो। इसलिए ये लोग विरोध कर रहें हैं। इनका ये स्वंय का फैसला नहीं है। इनके बात का अब कोई महत्व नहीं रहता। ये लोग बिहार में महत्वहिन हो गये हैं।

नीतिश कुमार ने विपक्ष को रगङकर धो दिए। मांझी को भी।

 

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