T20 वर्ल्ड कप 2026: कप्तान सूर्यकुमार यादव का धमाका, USA के खिलाफ भारत की शानदार जीत
T20 वर्ल्ड कप 2026: कप्तान सूर्यकुमार यादव का धमाका, USA के खिलाफ भारत की शानदार जीत
मुंबई (वानखेड़े स्टेडियम): टी20 वर्ल्ड कप 2026 के अपने पहले मुकाबले में भारतीय टीम ने धमाकेदार शुरुआत की है। शनिवार को मुंबई के ऐतिहासिक वानखेड़े स्टेडियम में खेले गए रोमांचक मैच में भारत ने अमेरिका (USA) को 29 रनों से मात दी। इस जीत के असली हीरो रहे टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव, जिन्होंने मुश्किल समय में एक यादगार कप्तानी पारी खेली।
शुरुआती झटकों के बाद 'सूर्या' का उदय
टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा बिना खाता खोले आउट हो गए, और जल्द ही भारत ने 46 रनों के स्कोर पर अपने 4 महत्वपूर्ण विकेट गंवा दिए थे। इशान किशन (20) और तिलक वर्मा (25) ने टिकने की कोशिश की, लेकिन वे बड़ी पारी नहीं खेल सके। एक समय ऐसा लग रहा था कि भारतीय टीम 120-130 रनों पर सिमट जाएगी, क्योंकि 13वें ओवर तक स्कोर 77/6 था।
ऐसे में कप्तान सूर्यकुमार यादव ने मोर्चा संभाला। उन्होंने अपनी 360-डिग्री बल्लेबाजी का प्रदर्शन करते हुए मात्र 49 गेंदों में नाबाद 84 रनों की पारी खेली। अपनी इस पारी में सूर्या ने 10 चौके और 4 गगनचुंबी छक्के जड़े। उन्होंने आखिरी ओवर में 21 रन बटोरकर भारत के स्कोर को 9 विकेट पर 161 रनों तक पहुँचाया।
भारतीय गेंदबाजों का कहर
162 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी अमेरिकी टीम भारतीय गेंदबाजी के सामने बेबस नजर आई। जसप्रीत बुमराह की अनुपस्थिति में मोहम्मद सिराज ने कमान संभाली और 29 रन देकर 3 विकेट चटकाए। अर्शदीप सिंह और अक्षर पटेल ने भी 2-2 विकेट लेकर अमेरिका की कमर तोड़ दी।
USA की ओर से संजय कृष्णमूर्ति और शुभम रंजने ने 37-37 रनों की पारी खेलकर संघर्ष जरूर किया, लेकिन वे भारत की सधी हुई गेंदबाजी के सामने लक्ष्य से दूर रह गए। अमेरिका की टीम निर्धारित 20 ओवरों में 8 विकेट खोकर केवल 132 रन ही बना सकी।
मैच के मुख्य बिंदु:
प्लेयर ऑफ द मैच: सूर्यकुमार यादव (84* रन)।
रिकॉर्ड: सूर्यकुमार का यह स्कोर टी20 वर्ल्ड कप में किसी भी भारतीय कप्तान का दूसरा सबसे बड़ा स्कोर है।
अगला मुकाबला: भारतीय टीम अब अपना अगला मैच गुरुवार, 12 फरवरी को नामीबिया के खिलाफ खेलेगी।
संपादन की राय: कप्तान सूर्यकुमार यादव ने न केवल बल्ले से बल्कि अपनी चतुर कप्तानी और सही गेंदबाजी बदलावों से भी प्रभावित किया। वानखेड़े स्टेडियम में अपने घरेलू दर्शकों के सामने उनकी यह पारी लंबे समय तक याद रखी जाएगी।
रिपोर्ट: नालंदा5 ब्लॉग डेस्क
