Skip to main content

SKY तूफान: सूर्यकुमार यादव की कप्तानी पारी से भारत की धमाकेदार जीत, न्यूजीलैंड पस्त ।

SKY तूफान: सूर्यकुमार यादव की कप्तानी पारी से भारत की धमाकेदार जीत, न्यूजीलैंड पस्त ।

खेल डेस्क: भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेले गए दूसरे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम ने शानदार वापसी करते हुए कीवियों को हरा दिया है। इस जीत के महानायक रहे कप्तान सूर्यकुमार यादव, जिन्होंने अपनी आतिशी बल्लेबाजी से यह साबित कर दिया कि उन्हें टी20 क्रिकेट का बादशाह क्यों कहा जाता है। सूर्या ने 82 रनों की नाबाद पारी खेलकर मैच को न्यूजीलैंड के जबड़े से छीन लिया।

मुश्किल में थी टीम इंडिया

लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी। सलामी बल्लेबाजों के जल्दी पवेलियन लौटने के बाद टीम दबाव में दिख रही थी। कीवी गेंदबाजों ने कसी हुई गेंदबाजी कर भारतीय मध्यक्रम को संकट में डाल दिया था। ऐसे समय में कप्तान सूर्यकुमार यादव क्रीज पर उतरे और उन्होंने मोर्चा संभाला।

सूर्या का 'सेंटीमेंट' और 'सिटिंग' शॉट

सूर्यकुमार यादव ने मैदान के चारों ओर अपने ट्रेडमार्क शॉट्स खेले। उन्होंने अपनी 82 रनों की पारी में शानदार चौके और गगनचुंबी छक्के जड़े। कीवी कप्तान ने अपनी पूरी फील्डिंग सजा रखी थी, लेकिन 'मिस्टर 360' के पास हर गेंद का जवाब था। सूर्या ने न केवल स्ट्राइक रोटेट की, बल्कि अंतिम ओवरों में कीवी गेंदबाजों की जमकर धुनाई करते हुए भारत को जीत की दहलीज के पार पहुँचाया।

गेंदबाजों ने रखी थी जीत की नींव

हालांकि पूरी लाइमलाइट सूर्या की पारी पर रही, लेकिन भारतीय गेंदबाजों के योगदान को भी नकारा नहीं जा सकता। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम को भारतीय स्पिनरों और तेज गेंदबाजों ने हाथ खोलने का मौका नहीं दिया। अनुशासित गेंदबाजी के दम पर भारत ने कीवियों को एक लड़ने लायक स्कोर तक ही सीमित रखा, जिसे बाद में सूर्या की कप्तानी पारी ने बौना साबित कर दिया।

सीरीज में रोमांच बरकरार

इस जीत के साथ ही भारत ने टी20 सीरीज में जोरदार वापसी की है। मैच के बाद कप्तान सूर्या ने कहा, "मेरा लक्ष्य अंत तक टिके रहना था। जब आप टीम का नेतृत्व कर रहे होते हैं, तो जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। खुशी है कि मैं टीम को जीत दिला सका।"


मैच के मुख्य आकर्षण (Highlights):

  • सूर्यकुमार यादव: 82* रन (नाबाद पारी)

  • मैच का मोड़: सूर्या द्वारा जड़े गए लगातार दो छक्के।

  • स्थिति: भारत ने सीरीज में 2-0 की बढ़त


N5Bharat की राय: सूर्यकुमार यादव की यह पारी न केवल रनों के लिहाज से बल्कि कप्तानी के दबाव में खेली गई एक परिपक्व पारी के रूप में याद रखी जाएगी। भारतीय फैंस अब अगले मैच में भी इसी तरह के प्रदर्शन की उम्मीद कर रहे हैं।

Comments

Popular posts from this blog

एक सेल्स मैन का काम कर रहें हैं तो आपको इस एक बात का ख्याल अवश्य रखना चाहिए।

एक सेल्स मैन को ये काम अवश्य करनी चाहिए, यदि आप एक सेल्स मैन का काम कर रहें हैं तो आपको इस एक बात  का ख्याल अवश्य रखना चाहिए। एक सेल्स मैन को ये काम अवश्य करनी चाहिए। यदि आप एक सेल्स मैन का काम कर रहें हैं तो आपको इन बातों का ख्याल अवश्य रखना चाहिए। हम कोई भी काम करते हैं उसकी योजना अवश्य तैयार करते हैं। एक छोटा सा छोटा काम के लिए भी हम योजना बनाते हैं। हलांकि छोटे कामों के लिए बनाये गए योजना हमारा दिमाग को पता नहीं चलता। हमारे दिमाग को इसके लिए परेशान होने की जरूरत नहीं पड़ती है। इसपर कभी आपने सोचा है कि आख़िर ऐसा क्यों होता है ? इसकी वजह को हमे जानने का प्रयास अवश्य करनी चाहिए। ऐसे तो इसके अनेकों वजह हो सकते हैं और इसके मनोवैज्ञानिक कारण भी कई हो सकते हैं, लेकिन हमे इन भारी वजहों को छोड़कर एक सरल वजह की तलाश करने की जरूरत है। मेरे अनुसार सरल स्वभाव से इसका एक वजह यह भी हो सकता है कि हमारा दिमाग इन छोटे-छोटे कामों को पहले कई बार कर चुका होता है। यूं कहें इस काम को मेरा दिमाग पूर्ण रूप से अभ्यस्त हो गया होता है। इसलिए हमारा दिमाग को इस छोटा काम को पूरा करने में किसी प्रकार की परेश...

एक कप चाय, मिट्टी वाली में - चाय को पीने में जो मजा है, वो मजा सात समन्दर पार जाकर भी नहीं वो कैसे !

एक कप चाय से याद आया कि मिट्टी के बर्तन वाली चाय को पीने में जो मजा है, वो मजा सात समन्दर पार जाकर एक प्रेमी को अपने प्रेमिका या एक प्रेमिका को अपने प्रेमी से मिलने में भी नहीं होगा! लेकिन वो मजा इस चाय पीने में आपको मिलेगा।  आप महिला हों या पुरुष यदि आप अपने जीवन में, प्रेम में प्रवाहित होने के आनंद से वंचित रह गाएं हैं तो हमारी मानिये एक बार इस चाय के प्रेम में बह जाइये, डूब जाइये और इसके गर्माहट में गोते लगा लीजिये! इसके मंद-मंद सुगंध में अपने नाक के दोनों सुराग को झोंक दीजिये। लेकिन एक बात का ख्याल रखियेगा,   इस चाय को पीने में कभी जल्दीबाजी नहीं कीजियेगा। नहीं तो, आपका जीभ आपसे नाराज हो जायेगा। बेमतलब के आप बेचारा स्वभाव से कोमल जीभ को रुखा कर दीजियेगा। यदि आपको विश्वास नहीं होता, तो एक बार मिट्टी वाला चुक्का में परोसी गई चाय को अपने होंठ से लगाकर और चाय को जीभ पर गिराकर तो देखिये! जैसे हीं, यह चाय आपके जीभ को स्पर्श करेगी वैसे हीं आप स्वयं इसके स्वाद से परिचित हो जाएंगें। हमारी मानिये तो आज हीं आप नुक्कड़ वाली एक कप चाय का मज़ा ले लीजिये। भारत आधुनीकता की ओर कदम बढ़ा च...

राहुल गांधी ने 'एल्फिंस्टन' (Elphinstone) फाइल का जिक्र करते हुए पीएम नरेंद्र मोदी को घेरा। सदन में भारी हंगामा।।

राहुल गांधी ने 'एल्फिंस्टन' (Elphinstone) फाइल का जिक्र करते हुए पीएम नरेंद्र मोदी को घेरा। सदन में भारी हंगामा।। राहुल गांधी ने संसद में जिस 'एल्फिंस्टन' (Elphinstone) फाइल या संदर्भ का जिक्र किया, वह सीधा हमला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सरकार की कार्यशैली पर था। गांधी ने सदन में एक पुरानी फाइल या रिपोर्ट का हवाला देते हुए यह तर्क देने की कोशिश की कि सरकार कुछ खास उद्योगपतियों (अडानी-अंबानी) को फायदा पहुँचाने के लिए नियमों में बदलाव करती है। उन्होंने 'एल्फिंस्टन' नाम का जिक्र उन ऐतिहासिक नियमों या व्यवस्थाओं के संदर्भ में किया जो मुंबई के बंदरगाहों या रेलवे के बुनियादी ढांचे से जुड़ी थीं। राहुल गांधी ने पीएम मोदी को घेरते हुए निम्नलिखित बातें कहीं: ​नियमों में बदलाव: उनका आरोप था कि सरकार ने पुराने नियमों (जिनका उन्होंने एल्फिंस्टन संदर्भ से जोड़ा) को दरकिनार कर दिया ताकि एयरपोर्ट्स और पोर्ट्स का नियंत्रण कुछ विशेष व्यापारिक समूहों को दिया जा सके। ​अडाणी समूह का जिक्र: उन्होंने दावा किया कि पहले नियम था कि जिसे एयरपोर्ट संचालन का अनुभव नहीं है, उसे टेंडर नहीं म...