पीएम नरेंद्र मोदी को उज़्बेकिस्तान का सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'ऑर्डर ऑफ ओली दराजली दोस्तलिक' मिला; संबंधों में नया स्वर्ण अध्याय।
पीएम नरेंद्र मोदी को उज़्बेकिस्तान का सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'ऑर्डर ऑफ ओली दराजली दोस्तलिक' मिला; संबंधों में नया स्वर्ण अध्याय।
ताशकंद / नई दिल्ली/N5:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उज़्बेकिस्तान की राजकीय यात्रा के दौरान भारत और उज़्बेकिस्तान के कूटनीतिक संबंधों में एक नया स्वर्णिम अध्याय जुड़ गया है। ताशकंद स्थित राष्ट्रपति भवन में आयोजित एक भव्य एवं गरिमामय समारोह में उज़्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्ज़ियोयेव (Shavkat Mirziyoyev) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपने देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'ऑर्डर ऑफ ओली दराजली दोस्तलिक' (Order of Oliy Darajali Do'stlik) से सम्मानित किया।
140 करोड़ भारतीयों और ऐतिहासिक दोस्ती को समर्पित सम्मान
इस सर्वोच्च सम्मान को स्वीकार करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने बेहद नम्रता से इसे देशवासियों को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार किसी एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि भारत की 140 करोड़ जनता की कड़ी मेहनत, हज़ारों साल पुरानी महान संस्कृति और वैश्विक बंधुत्व ('विश्व बंधुत्व') की भावना का सम्मान है।
उज़्बेक भाषा में 'दोस्तलिक' का अर्थ 'मित्रता' होता है। पीएम मोदी ने रेखांकित किया कि यह एक शब्द ही भारत और उज़्बेकिस्तान के बीच सदियों पुरानी ऐतिहासिक साझेदारी, सांस्कृतिक संबंधों और आपसी विश्वास की भावना को पूरी तरह से व्यक्त करता है।
ग्लोबल मंच पर भारत का बढ़ता प्रभाव: 36वां अंतर्राष्ट्रीय सम्मान
यह उज़्बेकिस्तान द्वारा दिया गया सर्वोच्च सम्मान है और इसके साथ ही यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को किसी विदेशी राष्ट्र या अंतर्राष्ट्रीय संगठन द्वारा दिया गया 36वां अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार बन गया है। इस उपलब्धि पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बधाई देते हुए सोशल मीडिया पर लिखा कि “उज़्बेकिस्तान का सर्वोच्च सम्मान मिलना 140 करोड़ भारतीयों के लिए अत्यंत गर्व का क्षण है। यह सम्मान भारत के बढ़ते वैश्विक कद, अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर इसकी मजबूत होती स्थिति और दोनों देशों की अटूट दोस्ती का प्रमाण है।”
राष्ट्रपति मिर्ज़ियोयेव ने की भारत की प्रगति की प्रशंसा
समारोह के दौरान उज़्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्ज़ियोयेव ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत की तीव्र आर्थिक प्रगति, डिजिटल क्रांति, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और अंतरिक्ष क्षेत्र में हासिल की गई उपलब्धियों की सराहना की। उन्होंने कहा कि वैश्विक मामलों में भारत का प्रभाव दिन-प्रतिदिन बढ़ रहा है, जो पूरे क्षेत्र और मध्य एशिया के लिए बेहद सकारात्मक है।
यह राजकीय यात्रा न केवल भारत और उज़्बेकिस्तान की सांस्कृतिक व ऐतिहासिक निकटता को दर्शाती है, बल्कि मध्य एशिया में भारत के रणनीतिक और आर्थिक हितों को एक नई दिशा प्रदान करती है।
(रिपोर्ट- शैलेन्द्र कुमार न्यूज डेस्क N5)
