मिशन 2027: यूपी की राजनीति में अदिती यादव का बढ़ता कद; क्या आगामी विधानसभा चुनाव में बनेंगी बड़ा चेहरा?
मिशन 2027: यूपी की राजनीति में अदिती यादव का बढ़ता कद; क्या आगामी विधानसभा चुनाव में बनेंगी बड़ा चेहरा?
विशेष ब्यूरो, उत्तर प्रदेश
जून 2026//N5:
उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर बदलाव की बयार बहने लगी है। समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव की बेटी अदिती यादव धीरे-धीरे राज्य की राजनीति में एक बेहद लोकप्रिय और उभरते हुए चेहरे के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर चुकी हैं। पिछले लोकसभा चुनाव के दौरान मैनपुरी और कन्नौज की गलियों में जनता के बीच जाकर संवाद करने की उनकी सहज शैली ने हर किसी का ध्यान खींचा था।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि जमीनी स्तर पर लोगों से जुड़ने, उनकी समस्याओं को सुनने और संवाद स्थापित करने की अपनी अद्भुत क्षमता के कारण वे जनता के दिलों में अपनी जगह बना चुकी हैं। उनमें न केवल खुद चुनाव जीतने की, बल्कि पार्टी के पक्ष में माहौल बनाकर 'चुनाव जिताने' की भी पूरी काबिलियत दिखाई देती है।
बीजेपी खेमे में बेचैनी और सोशल मीडिया पर निशाना
अदिती यादव की बढ़ती लोकप्रियता और जमीनी पकड़ से विपक्षी खेमा, विशेषकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) काफी सतर्क नजर आ रही है। राजनैतिक गलियारों में चर्चा है कि आगामी 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में अदिती यादव विपक्ष के लिए एक बड़ी चुनौती और खतरा साबित हो सकती हैं।
शायद यही वजह है कि हाल के दिनों में उन्हें और उनके परिवार को राजनैतिक और सोशल मीडिया के स्तर पर लगातार निशाना बनाया जा रहा है। सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ भ्रामक और छवि धूमिल करने वाली पोस्ट साझा की जा रही हैं, जिसे लेकर सपा कार्यकर्ताओं और नेताओं में भारी आक्रोश है।
पारिवारिक हमलों पर अखिलेश यादव का पलटवार।
इस पूरे मामले पर समाजवादी पार्टी ने बेहद आक्रामक रुख अख्तियार किया है। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अपनी बेटी और परिवार पर हो रहे इन हमलों का सीधा जवाब दिया है।
अखिलेश यादव ने एक बयान में कहा, "ये हमला इसलिए हो रहा है क्योंकि ऊपर जो दो लोग बैठे हैं उनका कोई परिवार नहीं है। परिवार वाला ही दूसरे परिवार वाले का दुःख-दर्द समझ सकता है। जो कुर्सी पर बैठे हैं उन्हें किसी के परिवार की कोई चिंता नहीं है।"
इसके साथ ही, सपा नेता मनोज काका ने भी इस मुद्दे को उठाते हुए एक्स (ट्विटर) पर सवाल दागा कि:
"किसके सह-समर्थन पर हमारी बेटियों के खिलाफ अपमानजनक पोस्ट लिखी जा रही है! आखिर मुख्यमंत्री चुप क्यों हैं?"
2027 का रण: क्या गेमचेंजर साबित होंगी अदिती?
चुनावी रणनीतिकारों का मानना है कि जिस तरह से अदिती यादव ने पिछले आम चुनाव में युवाओं और महिलाओं के बीच अपनी पकड़ बनाई थी, वह आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के लिए गेमचेंजर साबित हो सकती है। जनता के बीच उनकी बढ़ती स्वीकार्यता को देखते हुए यह साफ है कि आने वाले समय में उत्तर प्रदेश का सियासी पारा और अधिक चढ़ने वाला है।
